क्यूँ खो रहे हैं मोदी अपना हौसला ?
भाजपा आजकल सर्वाधिक डिमांड में है .जिसे देखो सिर के बल इसमें प्रवेश पाने को भागा जा रहा है और यह प्रवेश यदि कोई यह कहे कि वह देशसेवा के लिए करने जा रहा है तो व्यर्थ भुलावे में डालने की कोशिश कही जायेगी क्योंकि देशसेवा जैसी भावना आजकल के इन राजनेताओं में होना असम्भव नहीं तो कठिन अवश्य है ये सब तो मात्र इसलिए हो रहा है क्योंकि जिस दल से कथित देशभक्त ,स्वाभिमानी ताल्लुक रखते हैं अब उस दल को एक डूबते हुए जहाज के रूप में आंक रहे हैं और इसलिए तेजी से भागते हुए उस जहाज में चढ़ने में लगे हैं जिसकी तली में नरेंद्र मोदी जी पहले ही छेद कर चुके हैं और मीडिया का एक बड़ा तबका उनकी लहर बताकर इन सभी को भरमाने में लगा है और ये भागमभाग तभी तक जारी है जब तक टिकट वितरण जारी है उसके बाद किसी के न स्वाभिमान को ठेस लगेगी और न ही किसी को देशभक्ति की सुध रहेगी और ये सब उन नरेंद्र मोदी की लहर के लिए किया जा रहा है जिनके लिए भाजपा स्वयं एक सुरक्षित सीट ढूंढने में अपने पुराने कर्मशील मुरली मनोहर जोशी को ठेस पहुँचाने में लगी है .कहने को नरेंद्र मोदी की लहर है और उनके दमपर न केवल भाजपा उछल रही है वरन बहुत से अन्य...