कैराना : राजनीति पलायन की
कैराना उत्तर प्रदेश की यूं तो मात्र एक तहसील है किन्तु वर्तमान विधान सभा चुनाव के मद्देनजर वोटों की राजधानी बना हुआ है. इसमे पलायन का मुद्दा उठाया गया है और निरन्तर उछाल दे देकर इस मुद्दे को सांप्रदायिक रंग देकर वोट बैंक में तब्दील किया जा रहा है जबकि अगर हम मुद्दे की गहराई में जाते हैं तो पलायन की जो मुख्य वजह है "अपराध" वह कोई एक दो दिन में पनपा हुआ नहीं है वह कैराना क्षेत्र की जड़ों में बरसो - बरस से फैला हुआ है. रंगदारी की मांग यहाँ अपराध का एक नवीन तरीका मात्र है. आम जनता में अगर हम जाकर अपराध की स्थिति की बात करें तो आम आदमी का ही कहना है कि कैराना में कभी दंगे नहीं हो सकते क्योंकि अगर यहां दंगे होते हैं तो सेना यहां आकर घर घर पर दबिश देगी और उससे यहां पर घर घर पर अस्तित्व में रहने वाले बम, कट्टे, तमंचे, नशीली दवाओं आदि के अवैध कारोबार का पटाक्षेप हो जायेगा और यही एक कारण है जिस वजह से आज कैराना " मिनी पाकिस्तान" की उपाधि पा चुका है. मिनी पाकिस्तान यूं क्योंकि जो मुख्यतः पाकिस्तान है वह आतंक के अपराध के अड्डे के रूप में वर्तमान में विश्व में खूब नाम कमा रहा...