सोमवार, 14 फ़रवरी 2011

पत्रिका में मेरा आलेख

 प्रिय दोस्तों ,
  आज मैं बहुत खुश हूँ कारण ये है कि नारी ब्लॉग पर प्रकाशित मेरा एक आलेख"दहेज़ मृत्यु व कानूनी रुख" "समाज कल्याण "पत्रिका ने अपने फरवरी के अंक में प्रकाशित किया है.ये उपलब्धि  मैने "नारी ब्लॉग" से जुड़ कर पाई और"रचना जी "के माध्यम से मुझे इसकी सूचना प्राप्त हुई ,मैं आभारी हूँ रचना जी की और समस्त ब्लॉग परिवार की जिसने प्रतिपल मेरा उत्साहवर्धन किया है.

7 टिप्‍पणियां:

शिखा कौशिक ने कहा…

bahut bahut badhai ..

ali ने कहा…

बहुत बहुत शुभकामनायें !

संजय @ मो सम कौन ? ने कहा…

बधाई स्वीकार करें। पत्र-पत्रिकाओं में छपने से व्यापक पहुंच मिलती ही है, भविष्य के लिये और भी शुभकामनायें।

DR. ANWER JAMAL ने कहा…

यह जानकर मुझे अच्छा लगा । एक लेखक को ऐसे अवसर पर जो खुशी होती है , जो रोमांच होता है वह सचमुच अद्भुत होता है । इसी खुशी के अवसर पर मैं आपको अपने नए ब्लाग HBF Int. की सदस्यता के लिए निमंत्रित करता हूँ । इस तरह आपकी खुशी डबल हो जाएगी ।

DR. ANWER JAMAL ने कहा…

HBF Int. पर आप अपना यह लेख डालकर हमें भी पढ़वाइयेगा ।
शुभकामनाएं ।

डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री मयंक (उच्चारण) ने कहा…

आपको बहुत-बहुत शुभकामनाएँ!

कविता रावत ने कहा…

aapko bahut bahut shubhkamnayne.. yun hi aap nirantar likhti rahen...

बेटी की...... मां ?

बेटी का जन्म पर चाहे आज से सदियों पुरानी बात हो या अभी हाल-फ़िलहाल की ,कोई ही चेहरा होता होगा जो ख़ुशी में सराबोर नज़र आता होगा ,लगभग...