शनिवार, 16 अक्तूबर 2010

women right in india -2

अब आते हैं भा.द.सहिंता द्वारा महिलाओं के विरूद्ध होने वाले अपराधों को रोकने के लिए की गयी व्यवस्थाओं पर-
१-धारा ३०४ब-दहेज़ मृत्यु से सम्बंधित है,दाह या शारीरिक क्षति द्वारा पति या पति के किसी नातेदार द्वारा प्रताड़ित करने पर यदि किसी स्त्री की मृत्यु सात वर्ष के अन्दर हो जाये तो इसे दहेज़ मृत्यु माना जायेगा और अपराधी आजीवन कारावास से दण्डित होगा.
२-धारा ३१३ भा.द.सहिंता-में स्त्री की सम्मति के बिना गर्भपात करने पर आजीवन कारावास या दस वर्ष तक के कारावास का प्रावधान है.
३-धारा ३५४-में स्त्री की लज्जा भंग करने के आशय से उस पर हमला या आपराधिक बल का प्रयोग करने वाले के लिए दो वर्ष के कारावास व जुर्माने का प्रावधान है.
४-धारा ३६६ विवाह आदि के लिए विवश करने हेतु स्त्री का व्यपहरण या उत्प्रेरित  करने वाले के लिए दस वर्ष के कारावास का दंड निर्धारित करती है.
आगे कल पढियेगा और बताइयेगा की क्या मैं सही कार्य कर रही हूँ ?

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